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विचित्र रंग-रूप वाले प्राणी जिराफ की जानकारी | Giraffe Information in Hindi |निबंध

अफ्रीका के रेगिस्तानी क्षेत्रों में भी तेज दौड़ने वाला, ऊंट जैसा संसार का सबसे ऊंचा स्तनधारी पशु पाया जाता है। शायद समझ गए होगें, उस विचित्र पशु का नाम है-जिराफ। हाथी इसकी बराबरी नहीं कर सकता। आइये आपको जिराफ की जानकारी देते है।

जिराफ की जानकारी

जिराफ की जीभ की लम्बाई कितनी होती है ?

इसकी जीभ विलक्षण और काफी लंबी होती है, करीब 40 सेंटीमीटर की, जिससे इसे नर्म और सख्त चीज को पहचानने और अपना भोजन खाने में आसानी रहती है। यह पेड़ पौधों के प और फुनगियों को जीभ से लपेटकर तोड़ लेता है और बड़े चाव से खाता है।

जिराफ क्या खाता है?

यह पेड़ पौधों के पत्तो और फुनगियों को जीभ से लपेटकर तोड़ लेता है और बड़े चाव से खाता है।

जिराफ कितने किलोमीटर प्रति घंटे से दौड़ सकता है ?

करीब 45 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा इस तरह दौड़कर भी ये बचाव कर लेते हैं।

जिराफ का कद कितना होता ?

कद में यह हाथी से करीब दो गुना और मनुष्य से करीब तीन गुना होता है। आम तौर पर इसकी ऊंचाई साढे पांच से छह मीटर तक रहती है।

परिचय – जिराफ की जानकारी

कद में यह हाथी से करीब दो गुना और मनुष्य से करीब तीन गुना होता है। आम तौर पर इसकी ऊंचाई साढे पांच से छह मीटर तक रहती है।
जिराफ खुर वाला चैपाया है। इसके शरीर का रंग हल्का पीला, भूरा होता है। उस पर चीते की खाल की तरह गहरे या बादामी या मटमैले रंग की गोल या लंबी चित्तीयां होती हैं, जिनसे यह खूबसूरत लगता है। इन चित्तीयों के कारण यह पेड़ों में आसानी से पहचाना नहीं जा सकता है। इन चित्तीयों की वजह से वह आम तौर पर शिकारियों और शैर जैसे जानवरों से सुरक्षित रहता है।
जिराफ का हर अंग विचित्र होता है।

आवास एवं व्यवहार

इसका शरीर छोटा, पर टांगें और गर्दन काफी लंबी होती है। जिराफ का शरीर आगे से पीछे की तरफ ढालू रहता है, अगला हिस्सा काफी ऊंचा और पिछला हिस्सा नीचे रहने के कारण दूसरी पिछली टांगें कुछ छोटी मालूम होती हैं। हालांकि इसकी चारो टांगें बराबर होती हैं। इसकी गर्दन ऊंट की तरह लंबी होती है। उस पर काफी दूर तक बाल रहते हैं। इसके सर पर छोटे-छोटे दो सींग होते हैं पर एक उभरी हड्डी-सी होती है, जिसे कुछ लोग तीसरा सींग भी कहते हैं। जिराफ का सर छोटा, थूथन लंबा और नुकीला-सा होता है। इसकी आंखें छोटी पर देखने में खूबसूरत होती हैं। इसकी नजर काफी तेज होती है।

यह अपने नथूने जब चाहे खोल या बंद कर सकता है, इन्हीं विशेषताओं से यह रेतीले तूफान में अपनी नाक बंद कर लेता है, जिससे उड़ती हुई रेत से अपना बचाव कर पाने में यह समर्थ होता है। इसके कान नुकीले होते हैं। इसकी पूंछ करीब 40 से 50 सेंटीमीटर लंबी होती है, उन पर बालों का गुच्छा सा-बना होता है। इसकी जीभ विलक्षण और काफी लंबी होती है, करीब 40 सेंटीमीटर की, जिससे इसे नर्म और सख्त चीज को पहचानने और अपना भोजन खाने में आसानी रहती है। यह पेड़ पौधों के प और फुनगियों को जीभ से लपेटकर तोड़ लेता है और बड़े चाव से खाता है।

जिराफ का कद ऊंचा और गर्दन लंबी होने के कारण इसे पानी पीने में बहुत कठिनाई होती है। तब यह यह अपनी टांगों को काफी चैड़ाई में फैलाकर ही पानी तक पहुंच सकता है। यह शाकाहारी होता है और सिर्फ पेड़ों की पत्तियां आदि ही खाता है। हरी वस्तुओं से इसके शरीर को काफी मात्रा में पानी मिल जाता है, जिससे इसको पानी की प्यास बहुत कम लगती है।रेगिस्तान में ऊंट कई सप्ताह तक पानी बिना रह सकता है। परंतु जिराफ तो ऊंट से बढ़कर है। यह छह-सात महीने बिना पानी पिए रह सकता है।

प्रजनन – जिराफ का बच्चा

नर जिराफ की ऊंचाई मादा जिराफ से थोड़ी अधिक रहती है। मादा 14-15 महीने बाद बच्चा देती है। शिशु का वजन करीब 60 किलोग्राम और ऊंचाई करीब दो मीटर रहती है। वैसे वयस्क जिराफ का वजन करीब एक टन होता है। पैदा होने के बाद शिशु जिराफ करीब घंटे-भर बाद ही चलने-फिरने लग जाता है। जिराफ की औसत उम्र 25 वर्ष होती है।जिराफ झुंड में रहना पंसद करते हैं। छोटे से छोटे झुंड में भी कम से कम 8-10 जिराफ और बड़े झुंडों में 100 तक जिराफ होते हैं। अपने झुंड का सरदार बनने के लिए इनमें आपस में लड़ाई भी होती है, तब ये एक दूसरे की गर्दन और ठुड्डी पर वार करते हैं।

जिराफ की शारीरिक विशेषताएं

इसकी टांगें बहुत मजबूत होती हैं। इसकी लात खाकर प्राणी मर सकता है। सिंह आदि जानवरों को लात मारकर यह अपनी रक्षा करते हैं। तब इनकी टांगे पिस्टन की तरह तेज गति से चलती है और साथ में धूल का गुब्बार उड़ाती हैं।यह दौड़ने में बहुत तेज है। करीब 45 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा इस तरह दौड़कर भी ये बचाव कर लेते हैं।इनकी खाल काफी कीमती होती है। इनकी पूंछ और पिछले पैरों की हड्डियां भी काम आती है। इस कारण इनका खूब शिकार किया गया। अब अफ्रीका और अन्य देशों की सरकार ने इनके शिकार पर पांबदी लगा दी है ताकि इस सुंदर जानवर की नस्ल खत्म न हो जाए।

जिराफ की उप.जातियाँ

  1. नूबिआई जिराफ़
  2. सोमाली जिराफ़
  3. कोरडोफ़न जिराफ़
  4. नमीबिआई जिराफ़
  5. मसाई या किलिमनजारो जिराफ़
  6. रॉथचाइल्डए बॅरिंगो या उगांडाई जिराफ़
  7. दक्षिण अफ्री़काई जिराफ़
  8. थॉरनिक्रॉफ़्ट या रोडेशिआई जिराफ़
  9. पश्चिम अफ्री़काई जिराफ़
  10. अंगोलाई